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राहुल गांधी का जर्मनी दौरा: म्यूनिख में BMW प्लांट देख मैन्युफैक्चरिंग पर उठाए सवाल, कहा- भारत में गिर रहा है उत्पादन का ग्राफ...

कांग्रेस नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी इस समय जर्मनी के तीन दिवसीय दौरे पर हैं। अपनी यात्रा के दौरान उन्होंने म्यूनिख में प्रसिद्ध कार निर्माता कंपनी बीएमडब्ल्यू (BMW) के प्रोडक्शन प्लांट का दौरा किया। राहुल गांधी ने प्लांट में कारों के निर्माण की बारीकियों को देखा और वहां के इंजीनियरों व प्रबंधन से तकनीक और वैश्विक सप्लाई चेन पर चर्चा की। इस दौरे की तस्वीरें साझा करते हुए उन्होंने मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में जर्मनी की विशेषज्ञता की सराहना की।

बीएमडब्ल्यू प्लांट के अनुभव को साझा करते हुए राहुल गांधी ने केंद्र की मोदी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि भारत में पिछले कुछ वर्षों में मैन्युफैक्चरिंग (विनिर्माण) के क्षेत्र में भारी गिरावट आई है। राहुल का तर्क है कि जहां जर्मनी जैसे देश उत्पादन और तकनीक में नए मानक स्थापित कर रहे हैं, वहीं भारत में बेरोजगारी बढ़ रही है और छोटे-मझोले उद्योग (MSME) संकट का सामना कर रहे हैं। उन्होंने इसे भारत की आर्थिक प्रगति के लिए एक बड़ी बाधा बताया।
राहुल गांधी ने अपनी चर्चा में इस बात पर जोर दिया कि भारत को केवल सेवाओं (Services) पर निर्भर रहने के बजाय मैन्युफैक्चरिंग का बड़ा हब बनना होगा। उन्होंने कहा कि चीन और वियतनाम जैसे देशों के साथ प्रतिस्पर्धा करने के लिए भारत को अपनी उत्पादन नीतियों में आमूल-चूल बदलाव की आवश्यकता है। विपक्ष के नेता के अनुसार, जब तक भारत में उत्पादन की जमीनी स्थिति नहीं सुधरेगी, तब तक युवाओं के लिए पर्याप्त रोजगार पैदा करना संभव नहीं होगा।
अपनी तीन दिवसीय यात्रा के दौरान राहुल गांधी जर्मनी के विभिन्न राजनेताओं, व्यापारिक नेताओं और प्रवासी भारतीयों से भी मुलाकात कर रहे हैं। इस दौरे का उद्देश्य वैश्विक स्तर पर भारत की स्थिति और लोकतांत्रिक मूल्यों पर संवाद करना है। म्यूनिख के इस दौरे ने एक बार फिर भारत में मैन्युफैक्चरिंग बनाम सेवा क्षेत्र की बहस को जन्म दे दिया है, जिस पर आने वाले दिनों में राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज होने की उम्मीद है।







