CG News - रायपुर लोकसभा सांसद और वरिष्ठ भाजपा नेता श्री बृजमोहन अग्रवाल ने महिला आरक्षण से संबंधित संविधान संशोधन विधेयक के पारित न हो पाने पर विपक्षी दलों, विशेषकर कांग्रेस पर तीखा प्रहार किया है। रायपुर में प्रेस को संबोधित करते हुए उन्होंने इस घटनाक्रम को लोकतंत्र के लिए बेहद दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया। श्री अग्रवाल ने आरोप लगाया कि विपक्ष ने नारी शक्ति के हितों को दरकिनार कर अपने राजनीतिक स्वार्थ को प्राथमिकता दी है, जिससे देश की आधी आबादी के सामने उनका असली चेहरा बेनकाब हो गया है।
सांसद अग्रवाल ने पुरानी याद दिलाते हुए कहा कि जब 2023 में 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' सर्वसम्मति से पारित हुआ था, तब यही विपक्षी दल इसके शीघ्र क्रियान्वयन की मांग कर रहे थे। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा महिलाओं को जल्द से जल्द उनके अधिकार दिलाने की थी, जिसके लिए इस संशोधन विधेयक को लाया गया था। हालांकि, दो-तिहाई बहुमत की आवश्यकता के बावजूद विपक्ष ने इस ऐतिहासिक अवसर को बाधित किया। श्री अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि अधिनियम पहले ही पारित है और सरकार केवल इसे त्वरित लाभ पहुँचाने के लिए प्रक्रिया को तेज करना चाहती थी, लेकिन विपक्ष की कुटिल मंशा के कारण यह संभव नहीं हो पाया।
भाजपा के वरिष्ठ नेता ने विपक्ष द्वारा लगाए गए आरोपों को पूरी तरह निराधार और भ्रामक करार दिया। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी हमेशा से महिलाओं के अधिकारों और सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध रही है और इसके लिए निरंतर कार्य कर रही है। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि देश की महिलाएं विपक्षी दलों के इस आचरण को देख रही हैं और आने वाले समय में वे इस अवसर को बाधित करने वालों को उचित जवाब देंगी। श्री अग्रवाल के अनुसार, यह घटना विपक्ष की गिरती साख और जनता से दूर होती उनकी मानसिकता का एक बड़ा प्रमाण है।







