Breaking
- आपसी विवाद में खूनी संघर्ष, चाकूबाजी में एक युवक की मौत और दूसरा घायल, आरोपी ...
- Chhattisgarh Weather Update: छत्तीसगढ़ में लुढ़का पारा, अंबिकापुर में न्यूनतम...
- छत्तीसगढ़ के नगर सैनिकों को मिलने जा रहा बड़ा तोहफा, अब बढ़कर 30,870 रुपये हो...
- उद्घाटन से पहले ही रायपुर-विशाखापत्तनम भारतमाला हाईवे में पड़ी दरारें, गुणवत्...
- Mata Hasi Devi 200th Jayanti: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने रायपुर में जारी कि...
- दीपावली से पहले मिठाइयों की दुकानों पर खाद्य विभाग का छापा, फ्रीजर बंद मिलने ...
- Courtesy Meeting: राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने मुख्यमंत्री वि...
- बस्तर के कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में 12 दिन पहले शुरू हुआ सफारी सत्र, पर...
- Dussehra Celebration : बिलाईगढ़ के ऐतिहासिक राजशाही दशहरा उत्सव में शामिल हुए...
- Police Commemoration Day : छत्तीसगढ़ में शांति और सुरक्षा के लिए वीर जवानों क...
छत्तीसगढ़ में पहली बार: आवास मंत्री ओपी चौधरी ने आवासीय कॉलोनियों के प्रतिनिधियों के साथ की सीधी बात, समस्याओं के समाधान के लिए 'आवास मितान' डिजिटल प्लेटफॉर्म पर चर्चा

रायपुर। छत्तीसगढ़ के आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओपी चौधरी ने आज मंत्रालय महानदी भवन में एक ऐतिहासिक और अनूठी पहल करते हुए रायपुर क्षेत्र की विभिन्न प्रमुख आवासीय कॉलोनियों एवं हाउसिंग सोसायटियों के प्रतिनिधियों के साथ समीक्षा बैठक की। छत्तीसगढ़ के इतिहास में संभवतः यह पहला मौका है जब किसी आवास मंत्री ने रहवासी सोसायटियों के प्रतिनिधियों के साथ सीधे बैठकर उनकी जमीनी समस्याओं, नागरिक सुविधाओं और आवासीय परियोजनाओं के लंबित मुद्दों पर इतनी विस्तृत चर्चा की है। प्रतिनिधियों ने इस प्रत्यक्ष संवाद को राज्य ही नहीं, बल्कि देश के लिए भी एक अनुकरणीय कदम बताया।

बैठक के दौरान मंत्री ओपी चौधरी ने सभी प्रतिनिधियों की कॉलोनियों से जुड़ी समस्याओं, बुनियादी आवश्यकताओं और सुझावों को बेहद गंभीरता से सुना। उन्होंने मौके पर मौजूद विभागीय अधिकारियों को इन समस्याओं का व्यावहारिक और विधिसम्मत (कानूनी) समाधान निकालने के कड़े निर्देश दिए। मंत्री चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार बेहतर शहरी अधोसंरचना, पारदर्शी प्रशासन और नागरिकों को उच्च स्तरीय सुविधाएं देने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने आवास विभाग, नगरीय निकायों, रेरा (RERA), बिल्डर संगठनों और रहवासी कल्याण संगठनों (RWA) के बीच नियमित रूप से 'स्टेकहोल्डर मीटिंग' आयोजित करने के निर्देश दिए ताकि समस्याओं का समयबद्ध निराकरण हो सके।
इस महत्वपूर्ण बैठक में कॉलोनियों के भीतर सड़क, जल निकासी (ड्रेनेज सिस्टम), बिजली, पानी जैसी मूलभूत सुविधाओं और बुनियादी ढांचे के विकास पर विस्तार से बात की गई। इसके अतिरिक्त, रियल एस्टेट परियोजनाओं के समय पर ट्रांसफर, रेरा अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन और संस्थागत सुधारों को लेकर भी कई अहम सुझाव आए। बैठक में आवासीय समितियों को और अधिक सशक्त बनाने के लिए "आवास मितान" डिजिटल प्लेटफॉर्म विकसित करने, एक विशेष सलाहकार समिति का गठन करने तथा बड़े आवासीय परिसरों (टाउनशिप) के भीतर ही मतदान सुविधाओं के विस्तार जैसे नवाचारी विषयों पर भी गहन मंथन किया गया।
इस उच्च स्तरीय बैठक में नगर तथा ग्राम निवेश (Town and Country Planning) के आयुक्त अवनीश शरण सहित संबंधित विभागों के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में रायपुर की नामचीन आवासीय परियोजनाओं जैसे पार्थिव पैसिफिक, कुबेर सोसायटी, सिटी ऑफ ड्रीम्स, आनंदम वर्ल्ड सिटी, पाम बेलाजियो, साई वाटिका, अविनाश सनसिटी, मारुति लाइफस्टाइल, अविनाश सिग्नेचर होम्स, रालास एन्क्लेव, क्रेस्ट ग्रीन्स, सिंगापुर सिटी, सैफायर ग्रीन्स, लास विस्टास, जैनम हाइट्स, पार्थिवी प्रोविंस, बरसाना एन्क्लेव, गैलेक्सी आईलैंड, सृष्टि पैलाजो एवं क्रॉसविंड्स के प्रतिनिधि विशेष रूप से शामिल हुए और अपनी बातें सरकार के सामने रखीं।







