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सरकारी अस्पताल में गर्भवती महिला को दी गई सिरप से निकला संदिग्ध मांस का टुकड़ा...

रायपुर: राजधानी रायपुर के सरकारी स्वास्थ्य केंद्र से एक अत्यंत चौंकाने वाली और चिंताजनक घटना सामने आई है। देवपुरी स्थित शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (UPHC) में इलाज करा रही एक गर्भवती महिला को दी गई कैल्शियम सिरप की बोतल के भीतर से मांस जैसा संदिग्ध टुकड़ा मिलने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद स्वास्थ्य सेवाओं और सरकारी अस्पतालों में आपूर्ति की जाने वाली दवाइयों की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

Calcid कंपनी के सिरप पर उठे सवाल
सूत्रों के अनुसार, यह संदिग्ध सिरप 'कैलसिड' (Calcid) कंपनी का बताया जा रहा है, जिसे अस्पताल द्वारा गर्भवती महिला को नियमित दवाई के रूप में दिया गया था। प्रसूता द्वारा कुछ खुराक लेने के बाद ही उसने सिरप के स्वाद और गंध में अजीब अंतर महसूस किया। शक होने पर उसने बोतल अपने पति को दिखाई। जब पति ने बोतल को ध्यान से देखा, तो उसके भीतर एक तैरता हुआ मांस जैसा टुकड़ा दिखा, जिसके बाद परिवार तुरंत बोतल लेकर स्वास्थ्य केंद्र पहुंचा।
स्टाफ ने तुरंत बोतल की सील
जैसे ही यह सिरप की बोतल देवपुरी शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के स्टाफ को दिखाई गई, वे भी यह देखकर दंग रह गए। मेडिकल स्टाफ ने इस दृश्य की गंभीरता को समझते हुए, तुरंत उस बोतल को इस्तेमाल से अलग कर दिया और उसे सील कर दिया। घटना की सूचना तुरंत उच्च अधिकारियों को दी गई है, ताकि आगे की कार्रवाई की जा सके और इस लापरवाही के लिए ज़िम्मेदार लोगों पर कार्रवाई हो सके।
जांच के लिए भेजा गया सैंपल
स्वास्थ्य विभाग ने इस पूरे मामले को बेहद गंभीरता से लिया है। बताया जा रहा है कि सिरप के सैंपल को अब गहन जांच के लिए प्रयोगशाला (Laboratory) में भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। स्वास्थ्य केंद्र के कर्मचारियों ने भी स्वीकार किया है कि इस तरह की घटना अत्यंत गंभीर है और यह सीधे तौर पर मरीजों की जान को खतरे में डाल सकती है। यह घटना दर्शाती है कि अस्पताल परिसरों में दवाइयों की क्वालिटी कंट्रोल और सप्लाई चेन पर तत्काल निगरानी की आवश्यकता है।
स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर बड़ा प्रश्नचिह्न
यह चिंताजनक वाकया सरकारी अस्पतालों में मरीजों को दी जा रही दवाइयों की गुणवत्ता पर एक बड़ा प्रश्नचिह्न लगाता है। गर्भवती महिला को दवाई के रूप में दी गई इस दूषित सिरप के कारण मरीज को क्या नुकसान हो सकता था, इस बात का अंदाज़ा लगाकर परिवार और स्थानीय लोग सकते में हैं। अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं, जिसके बाद ही पता चल पाएगा कि यह संदिग्ध वस्तु क्या थी और इसके लिए कौन जिम्मेदार है।







