कांकेर। CG ACCIDENT : उत्तर बस्तर के कांकेर में आज अलसुबह नेशनल हाईवे 30 पर एक ऐसा खौफनाक हादसा हुआ, जिसने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया है। गोविंदपुर के पास एक तेज रफ्तार स्विफ्ट डिजायर कार अनियंत्रित होकर बिजली के खंभे को तोड़ते हुए पेड़ से जा टकराई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और भीतर सवार मासूम जिंदगियां लोहे के मलबे में दब गईं।
जन्मदिन की रात बनी आखिरी रात
इस हादसे की सबसे दर्दनाक बात यह है कि मृतक वेदांत पटेल (16 वर्ष) का आज ही जन्मदिन था। रात करीब 3 बजे उसके दोस्त उसे घर से लेकर माकड़ी की ओर निकले थे। किसी ने सोचा भी नहीं था कि जिस दोस्त को वे जन्मदिन की बधाई देने आए थे, उसे ही वे हमेशा के लिए खो देंगे। वेदांत की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसके साथी युवराज (15 वर्ष) ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया।
नाबालिग ड्राइवर और सुलगते सवाल
हादसे के वक्त कार की कमान महज 16 साल के भावेश गजबल्ला के हाथों में थी। सवाल यह उठता है कि रात के अंधेरे में नाबालिग बच्चे कार लेकर सड़कों पर फर्राटे भर रहे थे और परिजनों को खबर तक नहीं हुई? यातायात पखवाड़े और लगातार दी जा रही समझाइश के बावजूद नाबालिगों को चाबी सौंपना आज दो घरों के इकलौते चिराग बुझने की वजह बन गया।
घरों में पसरा मातम
मृतक दोनों छात्र अपने घरों के इकलौते वारिस थे और दोनों के सिर से पिता का साया पहले ही उठ चुका था। इस हादसे ने उन बेसहारा मांओं से जीने का आखिरी सहारा भी छीन लिया है। अस्पताल में मांओं का रो-रोकर बुरा हाल है, उनकी चीखें सुनकर हर किसी की आंखें नम हैं।








