Breaking
- Ola Electric Notice in Chhattisgarh: ओला इलेक्ट्रिक के 3,000 वाहनों का पंजीयन...
- राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने रायपुर में नुआखाई महोत्सव के 'सेवा सम्मान पर्व' ...
- आपसी विवाद में खूनी संघर्ष, चाकूबाजी में एक युवक की मौत और दूसरा घायल, आरोपी ...
- Chhattisgarh Weather Update: छत्तीसगढ़ में लुढ़का पारा, अंबिकापुर में न्यूनतम...
- छत्तीसगढ़ के नगर सैनिकों को मिलने जा रहा बड़ा तोहफा, अब बढ़कर 30,870 रुपये हो...
- उद्घाटन से पहले ही रायपुर-विशाखापत्तनम भारतमाला हाईवे में पड़ी दरारें, गुणवत्...
- Mata Hasi Devi 200th Jayanti: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने रायपुर में जारी कि...
- दीपावली से पहले मिठाइयों की दुकानों पर खाद्य विभाग का छापा, फ्रीजर बंद मिलने ...
- Courtesy Meeting: राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने मुख्यमंत्री वि...
- बस्तर के कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान में 12 दिन पहले शुरू हुआ सफारी सत्र, पर...
कुदरत का कहर: तेज आंधी-तूफान और बारिश ने ली दो जानें, अलग-अलग हादसों में महिला और 2 साल की मासूम की दर्दनाक मौत
डोंगरगढ़/राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले में मौसम के बदले मिजाज और तेज आंधी-तूफान ने भारी तबाही मचाई है। डोंगरगढ़ विकासखंड के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों में आंधी और बेमौसम बारिश काल बनकर टूटी, जिसने दो अलग-अलग परिवारों की खुशियां पल भर में छीन लीं। मौसम के इस रौद्र रूप के कारण हुए दो पृथक हादसों में एक महिला और महज दो साल की मासूम बच्ची की दर्दनाक मौत हो गई। इन दोनों हृदय विदारक घटनाओं के बाद से संबंधित गांवों में मातम और शोक का माहौल पसरा हुआ है।

मिली प्राथमिक जानकारी के अनुसार, डोंगरगढ़ इलाके में अचानक मौसम बदला और तेज हवाओं के साथ मूसलाधार बारिश शुरू हो गई। आंधी-तूफान की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई जगहों पर पेड़, बिजली के खंभे और मकानों की छतें (खपरैल/टीन शेड) उखड़ गईं। इसी दौरान हुए पहले हादसे में एक महिला तेज आंधी की चपेट में आ गई, जिससे उसकी जान चली गई। वहीं, दूसरे दिल दहला देने वाले हादसे में एक दो वर्षीय मासूम बच्ची आंधी-तूफान के कारण मलबे या पेड़ की चपेट में आ गई, जिससे उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
इन दर्दनाक हादसों की खबर मिलते ही स्थानीय प्रशासन, राजस्व और पुलिस की टीमें तुरंत एक्टिव हुईं और प्रभावित गांवों का रुख किया। पुलिस ने दोनों मामलों में मर्ग कायम कर शवों को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है। वहीं, प्रशासनिक अधिकारी प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर नुकसान का आकलन करने और उन्हें तात्कालिक सहायता राशि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया में जुटे हैं। इस प्राकृतिक आपदा ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है और ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।







