Breaking

AAP सांसद संजय सिंह का बड़ा हमला, कहा- पेसा कानून का छत्तीसगढ़ में उड़ाया जा रहा मजाक, आदिवासी समाज में है गुस्सा

Political RRT News Desk 09 August 2026

post

रायपुर। आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने छत्तीसगढ़ पहुंचते ही भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में लोगों के अधिकारों की अनदेखी की जा रही है और पेसा कानून का कथित तौर पर मजाक बनाया जा रहा है। संजय सिंह ने कहा कि इससे आदिवासी समाज में नाराजगी है और उनके अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर सरकार को गंभीरता से काम करना चाहिए।

Advertisement

आदिवासी समाज के अधिकारों को लेकर उठाए सवाल

संजय सिंह ने छत्तीसगढ़ सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश में आदिवासी समाज के अधिकारों का हनन किया जा रहा है। उन्होंने पेसा कानून के क्रियान्वयन को लेकर सवाल उठाते हुए दावा किया कि जमीनी स्तर पर कानून की भावना के अनुरूप काम नहीं हो रहा है।

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के लोगों का हक मारा जा रहा है और आदिवासी समाज में इसे लेकर गुस्सा है। संजय सिंह के इस बयान के बाद प्रदेश की सियासत गरमाने के आसार हैं।

मुख्यमंत्री पर भी साधा निशाना

आप सांसद ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री आदिवासी समाज से आते हैं, लेकिन उनके अनुसार सरकार को दिशा कहीं और से मिलती है। संजय सिंह ने इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उद्योगपति गौतम अडानी का नाम लेते हुए राज्य सरकार पर निशाना साधा।

संजय सिंह के बयान पर भाजपा की ओर से प्रतिक्रिया सामने आने के बाद इस मुद्दे पर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप और तेज हो सकते हैं।

पेसा कानून क्या है?

पेसा (PESA) कानून यानी पंचायत उपबंध (अनुसूचित क्षेत्रों पर विस्तार) अधिनियम, 1996 अनुसूचित क्षेत्रों में ग्राम सभाओं की भूमिका और अधिकारों को मजबूत करने से जुड़ा कानून है। इसका उद्देश्य आदिवासी समुदायों को स्थानीय स्तर पर निर्णय लेने की प्रक्रिया में अधिक अधिकार और भागीदारी देना है।

नोट: संजय सिंह द्वारा लगाए गए आरोप राजनीतिक बयान हैं। इनके संबंध में सरकार या भाजपा की विस्तृत प्रतिक्रिया उपलब्ध होने पर उसका पक्ष भी खबर में शामिल किया जाना चाहिए।

You might also like!