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Utkrisht Krishak Ratn Samman: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय बोले- 'किसानों की समृद्धि और आय बढ़ाना हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता', सर्किट हाउस में सम्मानित हुए प्रगतिशील किसान

छत्तीसगढ़ की अर्थव्यवस्था और ग्रामीण जीवन का आधार खेती-किसानी है। अन्नदाता किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिले, खेती की लागत कम हो और सिंचाई की बेहतर सुविधाएं मिलें, इसके लिए राज्य सरकार लगातार काम कर रही है। राजधानी रायपुर के सिविल लाइंस स्थित सर्किट हाउस में श्रद्धेय मनहरण लाल पाण्डेय की जयंती के अवसर पर आयोजित ‘उत्कृष्ट कृषक रत्न सम्मान समारोह’ को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने यह बातें कहीं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेशभर से आए प्रगतिशील किसानों को सम्मानित किया।

15 नवंबर से धान खरीदी, 360 नए केंद्र होंगे शुरू
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष 15 नवंबर से धान खरीदी शुरू हो रही है। किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए इस बार धान खरीदी व्यवस्था को और सुगम बनाया गया है, जिसके तहत 360 नए धान खरीदी केंद्र खोले जा रहे हैं। नए केंद्र खुलने से किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा और समय व श्रम दोनों की बचत होगी।
सिंचाई सुविधाओं के विस्तार पर विशेष जोर
खेती की समृद्धि के लिए सिंचाई को सबसे जरूरी बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले दो वर्षों में प्रदेश में लगभग 10,000 करोड़ रुपये की नई सिंचाई परियोजनाओं की शुरुआत की गई है। इसके अलावा, प्रदेश की 1,500 पुरानी सिंचाई परियोजनाओं के जीर्णोद्धार के लिए 2,800 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं, जिससे 76 हजार हेक्टेयर से अधिक सिंचित रकबा बढ़ेगा और वर्षा पर किसानों की निर्भरता कम होगी।
समारोह में वन मंत्री केदार कश्यप ने भी श्रद्धेय मनहरण लाल पाण्डेय के जीवन और उनके योगदान को याद किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और प्रदेश के कोने-कोने से आए कृषक उपस्थित रहे।






