नई दिल्ली।इथेनॉल ब्लेंडिंग नीति को लेकर उठ रहे सवालों के बीच केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने पहली बार विस्तार से अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि इथेनॉल उत्पादन में उनकी हिस्सेदारी केवल 0.07 प्रतिशत है, इसलिए इस नीति से उन्हें कोई निजी लाभ नहीं मिलता।
एक विशेष बातचीत में गडकरी ने कहा कि उनके खिलाफ लगाए जा रहे आरोप निराधार हैं और यह एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की इथेनॉल ब्लेंडिंग नीति का उद्देश्य देश की ईंधन आयात पर निर्भरता कम करना, किसानों की आय बढ़ाना और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना है।
गडकरी ने यह भी चुनौती दी कि यदि कोई यह साबित कर दे कि E20 ईंधन के उपयोग से किसी पेट्रोल वाहन को नुकसान हुआ है, तो वह उसके प्रमाण प्रस्तुत करे। उन्होंने कहा कि अब तक ऐसे दावों का कोई ठोस वैज्ञानिक प्रमाण सामने नहीं आया है।
केंद्रीय मंत्री ने भरोसा जताया कि इथेनॉल ब्लेंडिंग नीति भविष्य में भारत की ऊर्जा सुरक्षा और हरित ईंधन अभियान को नई मजबूती देगी।







