रायपुर। नगर निगम रायपुर ने शहर में रायपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा निर्मित 6 ई-टॉयलेट (इलेक्ट्रॉनिक कॉइन ऑपरेटेड) का संधारण (रखरखाव) और संचालन कार्य शुरू कर दिया है। ये सभी ई-टॉयलेट निगम को बंद अवस्था में हस्तांतरित किए गए थे। निगम ने इन्हें मैनुअली ऑपरेटेड बनाने के लिए मरम्मत का कार्य करवाया है और अगले दो वर्षों के लिए इनके संधारण और संचालन की जिम्मेदारी सुलभ इंटरनेशनल सोशल सर्विस संस्था को सौंपी है। इस पहल का उद्देश्य शहर के नागरिकों को स्वच्छ और सुव्यवस्थित सार्वजनिक शौचालय उपलब्ध कराना है।
वर्तमान में, 6 में से 4 ई-टॉयलेट स्थानों पर संचालन सुचारू रूप से जारी है। इन स्थानों पर सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक केयर टेकर की नियुक्ति की गई है और इन्हें आम नागरिकों के उपयोग के लिए निःशुल्क कर दिया गया है। हालांकि, दो महत्वपूर्ण स्थानों, मेकाहारा हॉस्पिटल के पास और आनंद नगर ढलान के पास स्थित ई-टॉयलेट का संचालन अभी शुरू नहीं हो पाया है। इसका कारण संबंधित जोन से विद्युत एनओसी (NOC) का प्राप्त न होना बताया गया है, जिसके लिए आवश्यक प्रक्रिया चल रही है।
निगम ने इन शौचालयों की मूलभूत कमियों को दूर करने के लिए विशेष ध्यान दिया है। आर डी तिवारी स्कूल के पास स्थित ई-टॉयलेट में बोरवेल न होने के कारण पानी की आपूर्ति स्कूल की टंकी से की जा रही है, और सुरक्षा के लिए दरवाज़ों में कुण्डी की व्यवस्था की गई है। इसी तरह, सरस्वती नगर थाना के पास स्थित ई-टॉयलेट में पुनः नल लगाए गए हैं और सभी दरवाज़ों की मरम्मत सुनिश्चित की गई है। इन मरम्मत कार्यों से ई-टॉयलेट को नागरिकों के लिए अधिक सुविधाजनक और कार्यात्मक बनाया जा रहा है।
एक स्थान, कटोरा तालाब के पास स्थित ई-टॉयलेट, फिलहाल अप्रत्याशित बाधा का सामना कर रहा है। इसके केयर टेकर का आकस्मिक निधन हो जाने के कारण टॉयलेट की चाबी गुम हो गई है। नगर निगम ने इस समस्या के त्वरित निराकरण का आश्वासन दिया है। निगम जल्द ही इस स्थान पर नया केयर टेकर नियुक्त कर संधारण और संचालन का कार्य दोबारा शुरू कराएगा। संबंधित जोन के जोन स्वास्थ्य अधिकारी नियमित रूप से सभी ई-टॉयलेट का निरीक्षण और मॉनिटरिंग कर रहे हैं।
नगर निगम रायपुर नागरिकों से भी सहयोग की अपेक्षा करता है। यदि किसी भी ई-टॉयलेट में कोई शिकायत है या व्यवस्था में कमी दिखाई देती है, तो नागरिक निदान 1100, स्वच्छता एप, या चैट बॉट जैसे माध्यमों से अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं। निगम का दावा है कि प्राप्त शिकायतों पर उचित कार्यवाही कर उनका त्वरित निराकरण सुनिश्चित किया जाता है। इस प्रकार, निगम द्वारा सभी ई-टॉयलेट का संधारण और संचालन कार्य सक्रिय रूप से किया जा रहा है।








