सक्ती/हसौद: छत्तीसगढ़ की सक्ती पुलिस ने नाबालिग बालिका के अपहरण के एक गंभीर मामले में तेज़ कार्रवाई करते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। थाना हसौद पुलिस ने महज 18 घंटे के भीतर अपहरण कर फरार हुए आरोपी को महाराष्ट्र के कामठी रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी लगातार शहर और यात्रा के तरीके बदलकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश कर रहा था, लेकिन पुलिस टीम के सटीक ट्रैकिंग और समन्वय से लड़की को सुरक्षित बरामद कर लिया गया।
अपहरण की सूचना और तत्काल एक्शन
मामले की शुरुआत 06 दिसंबर 2025 को हुई, जब पीड़िता की मां ने थाना हसौद में रिपोर्ट दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि उनकी 15 साल 9 माह की नाबालिग बेटी सुबह 4 से 5 बजे के बीच अचानक घर से लापता हो गई। परिजनों की खोजबीन के बाद भी कोई सुराग न मिलने पर अपहरण की आशंका जताई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, हसौद थाना पुलिस ने तत्काल अपराध क्रमांक 211/2025, धारा 137(2), 87 BNS के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर जांच शुरू कर दी।
एसपी के निर्देश पर विशेष टीम गठित
नाबालिग से जुड़े इस संवेदनशील मामले को प्राथमिकता देते हुए, पुलिस अधीक्षक सक्ती प्रफुल्ल कुमार ठाकुर ने तत्काल एक विशेष टीम गठित करने और तेजी से कार्रवाई करने के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हरीश कुमार यादव और अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) चंद्रपुर-डभरा सुमित गुप्ता के निर्देशन में यह टीम बनाई गई। इस टीम में निरीक्षक राजेश पटेल (थाना प्रभारी हसौद) और निरीक्षक अमित सिंह (प्रभारी सायबर सेल) जैसे विशेषज्ञ अधिकारी शामिल थे।
सायबर सेल ने किया आरोपी को ट्रैक
गठित टीम ने सायबर सेल की सहायता से संदिग्ध मोबाइल नंबर की लोकेशन ट्रैक करना शुरू किया। जांच में पाया गया कि आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदल रहा था और नाबालिग को लेकर ट्रेन के माध्यम से दिल्ली की दिशा में भाग रहा था। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए, एसपी सक्ती ने तत्काल बिलासपुर, रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव पुलिस, जीआरपी और आरपीएफ से समन्वय स्थापित किया, जिसके बाद एक व्यापक और संयुक्त खोज अभियान शुरू किया गया।
कामठी रेलवे स्टेशन पर गिरफ्तारी
लगातार और सटीक ट्रैकिंग तथा संयुक्त अभियान के परिणामस्वरूप, पुलिस टीम ने आरोपी ताहीद आलम (20 वर्ष), निवासी कोपा, जिला छपरा (बिहार), को महाराष्ट्र के कामठी रेलवे स्टेशन पर दबोच लिया। आरोपी के कब्जे से नाबालिग बालिका को पूरी तरह सुरक्षित बरामद कर लिया गया। इस सफल ऑपरेशन के बाद, आरोपी को 08 दिसंबर 2025 को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। पुलिस की इस तेज़ कार्रवाई और समय पर समन्वय से नाबालिग को सुरक्षित घर लाया गया।








