RRT News- छत्तीसगढ़ में तेज रफ्तार वाहनों का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है, जिसके चलते राज्य के अलग-अलग जिलों में भीषण सड़क हादसे सामने आए हैं। पहला दर्दनाक हादसा धमतरी जिले में हुआ, जहाँ एक अनियंत्रित और तेज रफ्तार पिकअप वाहन ने पुलिस के एक प्रधान आरक्षक (Head Constable) को अपनी चपेट में ले लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि प्रधान आरक्षक की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद से पुलिस महकमे और मृतक के परिवार में शोक की लहर दौड़ गई है, वहीं आरोपी वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है।
बिलासपुर में 3 साल की मासूम की थमी सांसें
रफ्तार के इस जानलेवा तांडव का दूसरा सबसे दुखद पहलू बिलासपुर जिले से सामने आया है। यहाँ एक सड़क दुर्घटना के दौरान महज़ 3 साल की मासूम बच्ची की तड़पकर जान चली गई। इस हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियाँ पल भर में उजाड़ दीं। स्थानीय लोगों के अनुसार, सड़कों पर भारी वाहनों की बेकाबू रफ्तार और यातायात नियमों की अनदेखी के कारण मासूम बच्चे लगातार इन हादसों का शिकार हो रहे हैं। घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार के लिए न्याय और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
बस्तर में स्कॉर्पियो पलटने से मची चीख-पुकार
तीसरी बड़ी दुर्घटना बस्तर संभाग के जगदलपुर क्षेत्र में हुई, जहाँ एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो गाड़ी अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गई। वाहन के पलटते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई। इस गंभीर एक्सीडेंट में स्कॉर्पियो सवार कुल 6 लोग बुरी तरह घायल हो गए हैं। राहगीरों और स्थानीय पुलिस की मदद से सभी घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उनका इलाज जारी है। प्रदेश में एक ही दिन में हुए इन अलग-अलग हादसों ने एक बार फिर हाईवे और सड़कों पर सुरक्षा व्यवस्था और स्पीड लिमिट की निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।







