Breaking

Tourism News: जशपुर के प्रसिद्ध खुड़िया रानी मंदिर का होगा कायाकल्प, सीएम साय के निर्देश पर जुटाई जाएंगी आधुनिक सुविधाएं

Chhattisgarh RRT News Desk 19 June 2026

post

जशपुर: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में धार्मिक पर्यटन और ऐतिहासिक धरोहरों को वैश्विक पटल पर नई पहचान दिलाने के लिए राज्य सरकार ने एक बड़ी और दूरगामी पहल की है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के विशेष और कड़े निर्देशों के बाद जिले के अत्यंत प्रसिद्ध और आस्था के प्रमुख केंद्र 'खुड़िया रानी मंदिर' में श्रद्धालुओं और सैलानियों के लिए आधुनिक नागरिक सुविधाएं विकसित करने की विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है। इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य उद्देश्य मंदिर परिसर के आधारभूत ढांचे (Infrastructure) को मजबूत करना है, ताकि यहां आने वाले लोगों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

Advertisement

खुड़िया रानी मंदिर जशपुर जिले की पहाड़ी श्रृंखलाओं और घने जंगलों के बीच स्थित एक अत्यंत प्राचीन और चमत्कारी धार्मिक स्थल है। यहां न केवल छत्तीसगढ़ बल्कि पड़ोसी राज्यों जैसे ओडिशा और झारखंड से भी सालभर हजारों की संख्या में श्रद्धालु माता के दर्शन और प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने पहुंचते हैं। भौगोलिक रूप से दुर्गम क्षेत्र होने के कारण लंबे समय से यहां बुनियादी सुविधाओं के विस्तार की आवश्यकता महसूस की जा रही थी, जिसे अब मुख्यमंत्री साय के गृह जिले की विकास प्राथमिकताओं में शीर्ष स्थान दिया गया है।

शासन द्वारा स्वीकृत इस नई विकास योजना के तहत मंदिर परिसर और पहुंच मार्ग को सुगम और सुरक्षित बनाया जाएगा। पर्यटकों और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आधुनिक विश्राम गृह (वेटिंग हॉल), स्वच्छ पेयजल की व्यवस्था, सर्वसुविधायुक्त शौचालयों का निर्माण और परिसर के आसपास सुंदर लैंडस्केपिंग व लाइटिंग की व्यवस्था की जाएगी। इसके अलावा, सुरक्षा के कड़े इंतजाम और साइनबोर्ड भी लगाए जाएंगे ताकि ट्रैकिंग और दर्शन के लिए आने वाले युवा व बुजुर्ग पर्यटकों को सहूलियत हो सके।

इस बड़े कायाकल्प और सौंदर्यीकरण कार्य के पूरा होने से जशपुर जिला देश और प्रदेश के नक्शे पर एक प्रमुख धार्मिक पर्यटन केंद्र (Religious Tourism Hub) के रूप में तेजी से उभर सकेगा। स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों का कहना है कि मुख्यमंत्री के निर्देशों के तहत विकास कार्यों की मॉनिटरिंग बेहद गंभीरता से की जा रही है। इस पर्यटन विकास योजना से न केवल धार्मिक आस्था को संबल मिलेगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार, गाइड, होटल और परिवहन व्यवसाय से जुड़े ग्रामीणों और युवाओं के लिए आजीविका के नए और बेहतर अवसर भी पैदा होंगे।

You might also like!