भारतीय शेयर बाजार ने शुक्रवार, 2 जनवरी 2026 को नया कीर्तिमान स्थापित किया। सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन NSE Nifty 50 ने 26,340 अंकों का नया इंट्राडे रिकॉर्ड हाई बनाया और अंत में 182 अंकों की बढ़त के साथ 26,328.55 पर बंद हुआ। वहीं, BSE Sensex में भी 573 अंकों की शानदार तेजी देखी गई, जिससे यह 85,762.01 के स्तर पर जा पहुंचा। बाजार की इस तेजी ने निवेशकों की संपत्ति में लाखों करोड़ रुपये का इजाफा किया है।
इस ऐतिहासिक रैली के पीछे सबसे बड़ा हाथ बैंकिंग और ऑटो सेक्टर का रहा। Nifty Bank ने पहली बार 60,177 का स्तर पार कर नया रिकॉर्ड बनाया। बैंकिंग शेयरों में आई इस मजबूती के कारण पूरे बाजार का सेंटिमेंट पॉजिटिव हो गया। इसके अलावा, दिसंबर के मजबूत बिक्री आंकड़ों के चलते मारुति सुजुकी और टाटा मोटर्स जैसे ऑटो शेयरों में भी जमकर खरीदारी हुई। वैश्विक बाजारों, विशेषकर अमेरिकी और एशियाई बाजारों में आई तेजी ने भी भारतीय बाजार को सहारा दिया।
आज के कारोबार में कुछ चुनिंदा शेयरों ने निवेशकों को मालामाल कर दिया। SJVN के शेयर 11.11% की बढ़त के साथ ₹83 पर बंद हुए, जबकि दिग्गज कंपनी Bosch के शेयरों में 9% का उछाल देखा गया। सरकारी कंपनी Hindustan Copper भी सुर्खियों में रही, जिसके शेयर 3% से ज्यादा चढ़े। छोटे और मंझोले शेयरों (Midcap & Smallcap) में भी रौनक रही, जिससे निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स लगभग 1% तक उछल गया।
सेक्टर-वार प्रदर्शन की बात करें तो FMCG को छोड़कर लगभग सभी इंडेक्स हरे निशान पर बंद हुए। पावर, मेटल और रियल्टी इंडेक्स में 1.5% से 2% तक की बढ़त दर्ज की गई। कोल इंडिया (Coal India) और NTPC जैसे हेवीवेट शेयरों में क्रमशः 7% और 4% से अधिक की तेजी रही। वहीं, ITC और बजाज ऑटो जैसे शेयरों में मुनाफावसूली (Profit Booking) के कारण गिरावट देखी गई, जिससे ये टॉप लूजर्स की सूची में रहे।
विशेषज्ञों का मानना है कि साल 2026 की यह दमदार शुरुआत आने वाले समय के लिए शुभ संकेत है। घरेलू संस्थागत निवेशकों (DIIs) का भरोसा और स्थिर सरकारी नीतियों ने बाजार को नई ऊंचाई प्रदान की है। हालांकि, ऊंचे स्तरों पर बाजार में थोड़ी अस्थिरता (Volatility) देखने को मिल सकती है, लेकिन लॉन्ग-टर्म के लिए भारतीय इक्विटी मार्केट का दृष्टिकोण बेहद सकारात्मक बना हुआ है।








