छत्तीसगढ़ के एक बाइक शोरूम में चोरी की एक अजीबोगरीब वारदात सामने आई है, जहाँ 'रक्षक ही भक्षक' बन गया। शोरूम के मैनेजर ने ही संस्थान के भरोसे को ठेंगा दिखाते हुए 3 लाख रुपये की नकदी पार कर दी। मामला तब खुला जब शोरूम संचालक को कैश मिलान के दौरान बड़ी विसंगति मिली। संदेह होने पर जब मैनेजर की गतिविधियों पर नजर रखी गई और पुलिस को सूचना दी गई, तो सारा सच सामने आ गया।
पुलिस ने जब आरोपी मैनेजर की घेराबंदी कर उसकी स्कूटी की तलाशी ली, तो अधिकारी भी दंग रह गए। स्कूटी की डिक्की के भीतर नोटों के बंडल छिपाकर रखे गए थे। पुलिस ने डिक्की से पूरे 3 लाख रुपये बरामद कर लिए हैं। आरोपी ने बड़ी चालाकी से शोरूम की व्यस्तता का फायदा उठाकर कैश काउंटर से रकम निकाली थी और उसे सुरक्षित ठिकाने पर ले जाने की फिराक में था।
पूछताछ में यह बात सामने आई है कि आरोपी मैनेजर काफी समय से शोरूम में कार्यरत था और उसे पूरी प्रक्रिया की जानकारी थी। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या उसने पहले भी इस तरह की छोटी-मोटी चोरियों को अंजाम दिया है। शोरूम संचालक ने मैनेजर पर भरोसा कर उसे कैश हैंडलिंग की जिम्मेदारी सौंपी थी, जिसे उसने अपनी निजी जरूरतों या लालच के चलते तोड़ दिया।
फिलहाल, पुलिस ने आरोपी मैनेजर को गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ चोरी व अमानत में खयानत की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। बरामद की गई राशि को जब्त कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। इस घटना ने व्यापारिक प्रतिष्ठानों में कर्मचारियों के वेरिफिकेशन और सीसीटीवी निगरानी की महत्ता को एक बार फिर रेखांकित किया है।








