RRT News- रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में 10 और 13 मई को होने वाले IPL मुकाबलों को लेकर शहर में जबरदस्त उत्साह है। इस बार दर्शकों को स्टेडियम में प्रवेश के लिए कागज के फिजिकल टिकटों की मारामारी से राहत मिलेगी। टिकटों की अवैध बिक्री और कालाबाजारी को पूरी तरह खत्म करने के लिए 'M-टिकट सिस्टम' की शुरुआत की गई है। यह एक पूरी तरह डिजिटल टिकटिंग व्यवस्था है, जो दर्शकों के मोबाइल अनुभव को सरल और सुरक्षित बनाएगी।
क्या है M-टिकट सिस्टम और यह कैसे काम करेगा?
M-टिकट का अर्थ है 'मोबाइल टिकट'। अब तक दर्शकों को ऑनलाइन बुकिंग के बाद फिजिकल टिकट कलेक्ट करना पड़ता था, जिसका फायदा उठाकर ब्लैक मार्केटिंग करने वाले सक्रिय हो जाते थे। लेकिन M-टिकट व्यवस्था में:
डिजिटल क्यूआर कोड: टिकट बुक करते ही दर्शकों के मोबाइल पर एक डिजिटल ई-टिकट जारी होगा, जिसमें एक यूनिक QR कोड या बारकोड होगा।
मोबाइल ही होगा प्रवेश पास: दर्शकों को स्टेडियम के एंट्री गेट पर अपने मोबाइल में मौजूद उस डिजिटल टिकट को स्कैन कराना होगा।
कालाबाजारी पर लगाम: चूँकि यह टिकट सीधे यूजर के मोबाइल नंबर और ऐप से जुड़ा होगा, इसे दूसरों को अधिक दामों में बेचना या फर्जी कॉपी बनाना लगभग नामुमकिन होगा।
दर्शकों को होगा बड़ा फायदा
इस नई व्यवस्था से क्रिकेट प्रेमियों को अब लंबी लाइनों में लगकर फिजिकल टिकट लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी। साथ ही, टिकट खोने या फटने का डर भी खत्म हो जाएगा। प्रशासन का मानना है कि इस डिजिटल पहल से न केवल पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि मैच के दौरान सुरक्षा जांच और प्रवेश प्रक्रिया भी पहले से अधिक तेज और सुव्यवस्थित होगी।
रायपुर पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां भी इस सिस्टम को लेकर अलर्ट पर हैं, ताकि स्टेडियम के बाहर किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधियों को रोका जा सके। यदि आप भी इन मैचों का आनंद लेना चाहते हैं, तो अपना मोबाइल चार्ज रखें, क्योंकि आपका फोन ही अब स्टेडियम का गेट पास है!








