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Hormuz Crisis: भारत के लिए 'पावरफुल' गुड न्यूज़! ईरान का बड़ा ऐलान- इन 5 देशों के जहाजों को नहीं रोकेगा 'अजेय' होर्मुज, दुश्मनों की बढ़ी टेंशन!

Iran Hormuz Update: मिडिल ईस्ट में मचे भीषण युद्ध के बीच ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने एक ऐसा ऐलान किया है जिसने भारत की ऊर्जा सुरक्षा की चिंताएं काफी हद तक कम कर दी हैं। अराघची ने स्पष्ट कर दिया है कि रणनीतिक रूप से दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण जलमार्ग 'होर्मुज जलडमरूमध्य' (Strait of Hormuz) को सभी के लिए बंद नहीं किया गया है। उन्होंने घोषणा की कि भारत, चीन, रूस, इराक और पाकिस्तान जैसे 5 मित्र देशों के जहाजों को वहां से गुजरने की पूरी अनुमति है। ईरान के इस कदम को वैश्विक कूटनीति में भारत की बड़ी जीत के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि दुनिया का लगभग 20% तेल व्यापार इसी रास्ते से होता है।

ईरानी विदेश मंत्री ने सरकारी टीवी पर कड़े शब्दों में कहा कि होर्मुज का रास्ता केवल 'दुश्मनों' और उनके सहयोगियों के लिए बंद है। उन्होंने अमेरिका और इजरायल को सीधे तौर पर चेतावनी देते हुए कहा कि जो देश ईरान के खिलाफ आक्रामकता में शामिल हैं, उनके जहाजों को किसी भी कीमत पर रास्ता नहीं दिया जाएगा। अराघची ने यह भी साफ किया कि फिलहाल अमेरिका के साथ बातचीत का कोई इरादा नहीं है और ईरान अपने सिद्धांतों से समझौता नहीं करेगा। यह बयान ऐसे समय में आया है जब लाल सागर और होर्मुज में तनाव के कारण दुनिया भर में तेल और गैस की सप्लाई चेन बुरी तरह प्रभावित हुई थी।
भारत के लिए यह खबर इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि भारतीय विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने हाल ही में अपने ईरानी समकक्ष से लंबी बातचीत की थी। इस कूटनीतिक सक्रियता का नतीजा यह हुआ कि भारतीय तेल टैंकरों और एलपीजी (LPG) जहाजों को अब बिना किसी डर के होर्मुज से गुजरने का 'सेफ पैसेज' मिल गया है। ईरान ने साफ कर दिया है कि जो देश ईरान से समन्वय (Coordination) बनाकर चल रहे हैं, उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी ईरानी सशस्त्र बल उठाएंगे। इस फैसले से न केवल भारत में पेट्रोल-डीजल की कीमतों में स्थिरता की उम्मीद जगी है, बल्कि ग्लोबल मार्केट में भारत का कद भी बढ़ा है।







