RRT News- Raipur नौतपा के दौरान सूर्य की सीधी और तीखी किरणें धरती को बुरी तरह तपा रही हैं, जिससे लू (Heat Stroke) और शरीर में पानी की कमी (Dehydration) का खतरा कई गुना बढ़ गया है। इस जानलेवा गर्मी का असर हर उम्र के व्यक्ति पर अलग-अलग तरीके से होता है। इसी को ध्यान में रखते हुए स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने एक विशेष 'समर गाइड' जारी की है, जिसमें बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों के लिए कुछ बेहद खास नियम और सावधानियां बताई गई हैं, ताकि इस भीषण मौसम में सेहत को सुरक्षित रखा जा सके।
बच्चों और बुजुर्गों के लिए विशेष नियम: बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कम होती है और बुजुर्गों का शरीर तापमान के उतार-चढ़ाव को जल्दी सहन नहीं कर पाता, इसलिए इन्हें सबसे ज्यादा सुरक्षा की जरूरत है। गाइड के अनुसार, दोपहर 11 बजे से शाम 4 बजे के बीच बच्चों और बुजुर्गों को भूलकर भी घरों से बाहर न निकलने दें। बच्चों को पर्याप्त मात्रा में पानी, नींबू पानी या ओआरएस (ORS) का घोल देते रहें और उन्हें ओटमील या सुपाच्य भोजन ही खिलाएं। वहीं, बुजुर्गों को चाय-कॉफी जैसी कैफीन युक्त चीजों से परहेज करना चाहिए और हल्के रंग के ढीले सूती कपड़े पहनने चाहिए।
युवाओं के लिए समर टिप्स: काम या पढ़ाई के सिलसिले में अक्सर युवाओं को धूप में बाहर निकलना ही पड़ता है। ऐसे में युवाओं को सलाह दी गई है कि वे खाली पेट घर से बाहर न जाएं और अपने साथ हमेशा पानी की बोतल, छाता या टोपी जरूर रखें। बाहर का तैलीय या जंक फूड खाने से बचें, क्योंकि गर्मी में डाइजेशन धीमा हो जाता है। हाइड्रेटेड रहने के लिए नारियल पानी, छाछ और मौसमी फलों (जैसे तरबूज, खरबूजा) को अपनी डाइट में शामिल करें। यदि शरीर में अत्यधिक थकान, चक्कर आना या सिरदर्द जैसे लक्षण दिखें, तो इसे हल्के में न लें और तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।






