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"यह नरसंहार है": बांग्लादेश में हिंदू युवक की हत्या पर भड़कीं जाह्नवी कपूर, पाखंड पर उठाए सवाल...

National 26 December 2025

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बांग्लादेश के मैमनसिंह जिले में 27 वर्षीय हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या करने और उसके शव को जलाए जाने की घटना ने पूरे भारत में आक्रोश पैदा कर दिया है। बॉलीवुड अभिनेत्री जाह्नवी कपूर ने इस अमानवीय कृत्य के खिलाफ खुलकर अपनी आवाज उठाई है। उन्होंने इंस्टाग्राम पर लिखा कि बांग्लादेश में जो हो रहा है वह पूरी तरह से 'बर्बर' है और इसे केवल एक अलग घटना के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।

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जाह्नवी कपूर ने अपने पोस्ट में क्या कहा?

जाह्नवी ने दुनिया भर के लोगों और विशेषकर भारतीयों की चुप्पी पर निशाना साधते हुए लिखा:

"बांग्लादेश में जो हो रहा है वह बर्बर है। यह नरसंहार (Slaughter) है और यह कोई अकेली घटना नहीं है। अगर आपको इस अमानवीय सार्वजनिक लिंचिंग के बारे में नहीं पता है, तो इसके बारे में पढ़ें, वीडियो देखें, सवाल पूछें... और अगर इन सबके बावजूद आपको गुस्सा नहीं आता है, तो ठीक इसी तरह का पाखंड हमें तबाह कर देगा।"

उन्होंने आगे कहा कि हम दुनिया के दूसरे छोर पर होने वाली घटनाओं पर तो आंसू बहाते हैं, लेकिन जब हमारे अपने भाई-बहनों को जिंदा जला दिया जाता है, तब चुप रहते हैं। जाह्नवी ने जोर देकर कहा कि चरमपंथ (Extremism) चाहे किसी भी रूप में हो, उसकी निंदा की जानी चाहिए और उसे खत्म किया जाना चाहिए, इससे पहले कि हम अपनी इंसानियत पूरी तरह भूल जाएं।

क्या थी दीपू चंद्र दास की घटना?

तारीख और स्थान: यह घटना 18 दिसंबर 2025 की रात बांग्लादेश के मैमनसिंह जिले के भालुका इलाके में हुई।

आरोप: एक गारमेंट फैक्ट्री में काम करने वाले दीपू पर ईश-निंदा (Blasphemy) का झूठा आरोप लगाकर भीड़ ने हमला किया था।

बर्बरता: भीड़ ने दीपू को इतनी बेरहमी से पीटा कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद उसके शव को एक पेड़ से बांधकर आग लगा दी गई।

जांच: इस मामले में अब तक 10 से अधिक गिरफ्तारियां हो चुकी हैं और बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

जाह्नवी कपूर के इस साहसी स्टैंड की सोशल मीडिया पर जमकर प्रशंसा हो रही है, क्योंकि वे उन चुनिंदा बॉलीवुड हस्तियों में शामिल हैं जिन्होंने इस संवेदनशील मुद्दे पर खुलकर अपनी बात रखी है। उनके अलावा रवीना टंडन और दीया मिर्ज़ा जैसी अभिनेत्रियों ने भी इस हिंसा की निंदा की है।

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